स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल करेंगे अभियान का शुभारंभ, 16 सितंबर तक गांव-गांव पहुंचेंगे विशेषज्ञ डॉक्टर,
मनेंद्रगढ़। जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को आम लोगों के घर-द्वार तक पहुंचाने के उद्देश्य से ‘सशक्त एमसीबी सेवा संकल्प अभियान-2026’ की शुरुआत आज 5 सितंबर से हो रही है। अभियान का पहला विशेष स्वास्थ्य शिविर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र खड़गवां में आयोजित किया जाएगा। स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल खड़गवां से मेगा स्वास्थ्य शिविर का शुभारंभ करेंगे।
जिला मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी कार्यालय द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार यह अभियान 5 सितंबर से 16 सितंबर 2026 तक चलेगा। अभियान की मुख्य परिकल्पना ‘हर गांव–हर घर–हर व्यक्ति तक स्वास्थ्य सेवाएं’ पहुंचाने की है। इसके तहत जिले के अलग-अलग क्षेत्रों में विशेष स्वास्थ्य शिविर लगाकर लोगों को जांच, दवा, बीमारी की स्क्रीनिंग और विशेषज्ञ चिकित्सकों से नि:शुल्क परामर्श की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।
खड़गवां में आज पहला मेगा स्वास्थ्य शिविर
अभियान के तहत 5 सितंबर को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र खड़गवां में पहला विशेष स्वास्थ्य शिविर आयोजित होगा। स्वास्थ्य विभाग की विशेषज्ञ टीम सुबह 10 बजे शिविर में मौजूद रहेगी।
शिविर में मरीजों की विभिन्न प्रकार की स्वास्थ्य जांच के साथ आवश्यक दवाइयां उपलब्ध कराई जाएंगी। गंभीर अथवा संदिग्ध मामलों में मरीजों को आगे के उपचार के लिए उपयुक्त स्वास्थ्य संस्थान से जोड़े जाने की व्यवस्था भी रहेगी।
एक ही शिविर में कई विशेषज्ञ डॉक्टरों की सेवाएं
सेवा संकल्प अभियान की खासियत यह है कि अलग-अलग बीमारियों से संबंधित विशेषज्ञ चिकित्सकों को एक ही स्थान पर उपलब्ध कराने की योजना बनाई गई है।
शिविर के लिए निर्धारित विशेषज्ञ टीम में डॉ. उषा प्रेमा लकड़ा (शल्य चिकित्सा विशेषज्ञ), डॉ. राजेन्द्र बंसोरिया (अस्थि रोग विशेषज्ञ), डॉ. अभिषेक तिवारी (शिशु रोग विशेषज्ञ), डॉ. अभिषेक मयंक (नाक-कान-गला रोग विशेषज्ञ), डॉ. सीमा देशमुख (स्त्री रोग विशेषज्ञ), डॉ. अनुराग तिवारी (मेडिसिन विशेषज्ञ), डॉ. अमित मिर्चे (नेत्र रोग विशेषज्ञ), डॉ. राहुल मेहता (चर्म रोग विशेषज्ञ), डॉ. लाकेश्वर सिंह, डॉ. चंद्रभान, डॉ. प्रियंका और डॉ. शाहिद (चिकित्सा अधिकारी) शामिल हैं।
इसके अलावा डॉ. अनिमेष विश्वास (दंत चिकित्सक), सहाना परवीन (फिजियोथेरेपिस्ट) तथा रामकरण साहू (नेत्र सहायक अधिकारी) भी स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करेंगे।
इन बीमारियों की होगी विशेष स्क्रीनिंग
स्वास्थ्य शिविरों में सामान्य स्वास्थ्य जांच के साथ गैर-संचारी रोगों की पहचान पर विशेष जोर रहेगा। इनमें ब्लड प्रेशर, मधुमेह और कैंसर की स्क्रीनिंग शामिल है।
इसके साथ ही मलेरिया, सिकल सेल, एचआईवी/वायरल मार्कर और रक्त संबंधी आवश्यक जांच भी की जाएगी। संभावित मरीजों की पहचान कर उन्हें आगे की जांच और उपचार के लिए स्वास्थ्य संस्थानों से जोड़ा जाएगा।
गर्भवती महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों पर भी विशेष फोकस
अभियान में मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को भी प्राथमिकता दी गई है। गर्भवती महिलाओं की एएनसी जांच, प्रसव पूर्व एवं प्रसव पश्चात सेवाएं तथा बच्चों की स्वास्थ्य जांच की जाएगी।
बुजुर्गों के लिए विशेष स्वास्थ्य सेवाओं के साथ फिजियोथेरेपी और पुनर्वास संबंधी सुविधाएं भी उपलब्ध रहेंगी।
आयुष्मान कार्ड और आभा आईडी भी बनेगी
स्वास्थ्य शिविरों में केवल जांच और उपचार ही नहीं, बल्कि पात्र हितग्राहियों को सरकारी स्वास्थ्य योजनाओं से जोड़ने का काम भी किया जाएगा। पात्र लोगों के आयुष्मान कार्ड और आभा आईडी बनाने की सुविधा उपलब्ध रहेगी।
इससे लोगों को स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ लेने में आसानी होगी और उनकी स्वास्थ्य संबंधी जानकारी को डिजिटल माध्यम से सुरक्षित रखने में मदद मिलेगी।
स्वास्थ्य मंत्री ने बताया महत्वपूर्ण कदम
स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता स्वास्थ्य सुविधाओं को केवल बड़े अस्पतालों तक सीमित रखने के बजाय गांव और दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले लोगों तक पहुंचाना है। ‘सशक्त एमसीबी सेवा संकल्प अभियान’ इसी दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।
उन्होंने कहा कि विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाएं लोगों के नजदीक उपलब्ध होने से समय पर बीमारी की पहचान और उपचार में मदद मिलेगी।
सीएमएचओ ने जिलेवासियों से की शिविरों का लाभ लेने की अपील
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अविनाश खरे ने जिलेवासियों से अभियान का अधिक से अधिक लाभ लेने की अपील की है।
उन्होंने कहा कि 5 से 16 सितंबर तक आयोजित होने वाले स्वास्थ्य शिविरों में नि:शुल्क जांच, दवा वितरण, विभिन्न बीमारियों की स्क्रीनिंग और विशेषज्ञ चिकित्सकों से परामर्श की सुविधा मिलेगी। उन्होंने विशेष रूप से गर्भवती महिलाओं, बच्चों, बुजुर्गों तथा बीपी, शुगर, कैंसर और सिकल सेल जैसी बीमारियों से संबंधित लोगों से शिविर में पहुंचकर स्वास्थ्य जांच कराने की अपील की।
‘हर गांव–हर घर–हर व्यक्ति’ तक स्वास्थ्य सेवा पहुंचाने का लक्ष्य
‘सशक्त एमसीबी सेवा संकल्प अभियान-2026’ का उद्देश्य केवल बीमारियों का इलाज करना नहीं, बल्कि बीमारी की समय रहते पहचान, जांच, विशेषज्ञ परामर्श और जरूरत पड़ने पर मरीज को उचित स्वास्थ्य संस्था तक पहुंचाना भी है। 16 सितंबर तक चलने वाले इस अभियान से जिले के दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को विशेषज्ञ स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ मिलने की उम्मीद है।




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