कलेक्टर की अध्यक्षता में बैठक, अधिकृत वेंडरों की सूची तैयार करने और आवेदन से सब्सिडी तक प्रक्रिया आसान बनाने के निर्देश।
मनेंद्रगढ़। प्रधानमंत्री सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना को जिले में प्रभावी ढंग से लागू करने और अधिक से अधिक घरेलू उपभोक्ताओं को इसका लाभ दिलाने के उद्देश्य से जिला मुख्यालय के सभाकक्ष में कलेक्टर सुश्री संतन देवी जांगड़े की अध्यक्षता में महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।
बैठक में योजना के प्रचार-प्रसार, आवेदन प्रक्रिया, हितग्राहियों को मिलने वाली सब्सिडी, अधिकृत वेंडरों की उपलब्धता तथा बैंक स्तर पर लंबित प्रकरणों की समीक्षा की गई। जिले को योजना के तहत 7 हजार हितग्राहियों को लाभान्वित करने का लक्ष्य दिया गया है।
बैठक में जिला पंचायत सीईओ अंकिता सोम, एसडीएम लिंगराज सिदार, एलडीएम विजन नायक, मुख्य कार्यपालन अभियंता विद्युत विभाग सुरेश कुमार, सहायक अभियंता गुलाब गबेल, जनपद सीईओ सुश्री वैशाली सिंह सहित विद्युत विभाग के अधिकारी-कर्मचारी एवं योजना से जुड़े वेंडर उपस्थित रहे।
गांव-गांव और घर-घर पहुंचेगी योजना की जानकारी
कलेक्टर सुश्री संतन देवी जांगड़े ने कहा कि प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना का उद्देश्य अधिक से अधिक घरेलू उपभोक्ताओं को रूफटॉप सोलर से जोड़कर स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देना और बिजली खर्च को कम करना है।
उन्होंने अधिकारियों एवं वेंडरों को आपसी समन्वय से काम करते हुए योजना की जानकारी गांव-गांव और घर-घर तक पहुंचाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि केवल योजना की जानकारी देना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उपभोक्ताओं को आवेदन से लेकर सोलर प्लांट की स्थापना, निरीक्षण, नेट मीटर और सब्सिडी मिलने तक की पूरी प्रक्रिया सरल भाषा में समझाई जाए।
इससे हितग्राहियों को योजना का लाभ लेने में अनावश्यक परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा।
अधिकृत वेंडरों की सूची तैयार करने के निर्देश
कलेक्टर ने विद्युत विभाग को जिले में प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना के तहत पंजीकृत एवं अधिकृत वेंडरों की सूची तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अधिकृत वेंडरों की जानकारी सार्वजनिक रूप से उपलब्ध कराई जाए, ताकि हितग्राही सही वेंडर का चयन कर सकें।
उन्होंने योजना के नाम पर किसी भी प्रकार की धोखाधड़ी, गलत जानकारी देने अथवा हितग्राहियों से अनियमित राशि वसूली के मामलों में सख्त कार्रवाई की चेतावनी भी दी।
कलेक्टर ने कहा कि योजना के क्रियान्वयन में पारदर्शिता और हितग्राहियों के हितों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए।
बैंक स्तर पर लंबित प्रकरणों का जल्द करें निराकरण
कलेक्टर ने एलडीएम विजन नायक को निर्देश दिए कि योजना से जुड़े पात्र हितग्राहियों के प्रकरण बैंक स्तर पर बिना उचित कारण लंबित न रहें। संबंधित विभागों और बैंकों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर पात्र हितग्राहियों को समय पर योजना का लाभ दिलाया जाए।
उन्होंने कहा कि जिले को मिले 7 हजार हितग्राहियों के लक्ष्य को समय पर पूरा करना सभी संबंधित विभागों एवं योजना से जुड़े वेंडरों की सामूहिक जिम्मेदारी है।
1 से 3 किलोवाट तक सोलर प्लांट पर सब्सिडी
बैठक में योजना के तहत घरेलू उपभोक्ताओं को मिलने वाली सब्सिडी की जानकारी भी साझा की गई। बैठक में दी गई जानकारी के अनुसार, 1 किलोवाट क्षमता के सोलर प्लांट पर केंद्र सरकार की ओर से 30 हजार रुपये और छत्तीसगढ़ सरकार की ओर से 15 हजार रुपये, यानी कुल 45 हजार रुपये की सहायता का प्रावधान बताया गया।
इसी तरह 2 किलोवाट क्षमता पर केंद्र की ओर से 60 हजार और राज्य की ओर से 30 हजार रुपये, यानी कुल 90 हजार रुपये तथा 3 किलोवाट क्षमता पर केंद्र की ओर से 78 हजार और राज्य की ओर से 30 हजार रुपये, यानी कुल 1 लाख 8 हजार रुपये की सहायता का प्रावधान बताया गया।
बैठक में यह भी बताया गया कि केंद्रीय योजना के दिशा-निर्देशों के अनुसार आवासीय क्षेत्र के लिए 3 किलोवाट तक की क्षमता पर केंद्रीय वित्तीय सहायता अधिकतम 78 हजार रुपये तक है।
ऐसे कर सकते हैं आवेदन
प्रधानमंत्री सूर्य घर: मुफ्त बिजली योजना के लिए उपभोक्ता राष्ट्रीय पोर्टल के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं। छत्तीसगढ़ के उपभोक्ताओं को आवेदन के दौरान संबंधित डिस्कॉम के रूप में CSPDCL का चयन करना होता है।
आवेदन के लिए बिजली उपभोक्ता क्रमांक, मोबाइल नंबर एवं ई-मेल दर्ज कर OTP के माध्यम से सत्यापन किया जाता है। इसके बाद रूफटॉप सोलर की आवश्यक क्षमता का चयन कर आवेदन प्रक्रिया पूरी की जाती है।
तकनीकी स्वीकृति मिलने के बाद पोर्टल पर सूचीबद्ध अधिकृत वेंडर के माध्यम से सोलर सिस्टम स्थापित कराया जाता है। स्थापना के बाद संबंधित डिस्कॉम द्वारा निरीक्षण एवं नेट मीटर की प्रक्रिया पूरी की जाती है। आवश्यक औपचारिकताएं पूरी होने के बाद पात्र हितग्राही को मिलने वाली केंद्रीय सहायता योजना के प्रावधानों के अनुसार सीधे बैंक खाते में जारी की जाती है।
आवेदन के लिए जरूरी दस्तावेज
आधार कार्ड
बिजली बिल
बैंक पासबुक अथवा बैंक खाते की जानकारी
मोबाइल नंबर
आवश्यकतानुसार छत के स्वामित्व संबंधी दस्तावेज
7 हजार घरों तक योजना पहुंचाने का लक्ष्य
जिले में योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार और अधिक से अधिक पात्र घरेलू उपभोक्ताओं को जोड़ने पर प्रशासन का विशेष जोर है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि आवेदन प्रक्रिया में आने वाली दिक्कतों का समय पर निराकरण करते हुए हितग्राहियों को आवेदन से लेकर सोलर प्लांट स्थापना और सब्सिडी प्राप्त होने तक आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराया जाए।




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