वैकुण्ठपुर । कोरिया एवं एम.सी.बी जिले के राज्यपाल पुरुस्कृत शिक्षकों की एक महत्वपूर्ण बैठक शासकीय आदर्श कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बैकुंठपुर के सभा हाल में किया गया । बैठक का शुभारंभ मां सरस्वती की प्रतिमा पर दीप प्रज्जवलन कर किया गया । इस बैठक में नव सम्मानित शिक्षकों के अभिनंदन सहित विभिन्न विषयों पर कार्ययोजना बनाया गया ।
बैठक में जिले के राज्यपाल पुरस्कृत शिक्षकों ने सहभागिता करते हुए शिक्षक सम्मान, आपसी समन्वय एवं आगामी शैक्षिक गतिविधियों को लेकर सार्थक चर्चा की।
बैठक में गत वर्ष सेवानिवृत्त राज्यपाल पुरस्कृत शिक्षकों के सम्मान, नव सम्मानित एवं नव- घोषित शिक्षकों के अभिनंदन तथा जिला एवं विकासखंड स्तर पर पुरस्कृत शिक्षकों की सूची के अद्यतन एवं संधारण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श किया गया।
इस अवसर पर डॉ. डी. के. उपाध्याय द्वारा सभी राज्यपाल पुरस्कृत शिक्षकों को सम्मान स्वरूप उपहार प्रदान किए गए। उनकी आत्मीय पहल और सकारात्मक सोच ने जिले के सभी राज्यपाल घोषित एवं पुरस्कृत शिक्षकों को “एक मोतियों की माला में पिरोने” का कार्य किया। उनके इस प्रयास से शिक्षकों के बीच आपसी आत्मीयता, सम्मान एवं एकजुटता की भावना और मजबूत हुई।
कार्यक्रम में अशोक मिश्रा एवं राजेंद्र सोनी ने सभी शिक्षकों को शुभकामनाएँ देते हुए निरंतर उत्कृष्ट कार्य करने के लिए प्रेरित किया। वहीं ए. एल. गुप्ता प्राचार्य ने कार्यक्रम के सफल आयोजन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हुए सभी शिक्षकों का उत्साहवर्धन किया तथा अपने प्रेरणादायी विचारों से नई ऊर्जा प्रदान की।
कार्यक्रम में सभी राज्यपाल पुरस्कृत एवं घोषित शिक्षक—श्रीमती अर्पणा मिश्रा, श्रीमती श्वेता सोनी, श्री जे. पी. साहू एवं श्री राजेश कुमार उपस्थित रहे और उन्होंने अपने अनुभव एवं विचार साझा किए।
बैठक के दौरान जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय में जिले के सभी राज्यपाल पुरस्कृत शिक्षकों के नाम की नाम-पट्टिका लगाए जाने के संबंध में आवश्यक पहल पर महत्वपूर्ण चर्चा हुई। साथ ही आगामी बैठक में कोरिया एवं एम.सी.बी. जिले के राज्यपाल पुरस्कृत शिक्षकों के संयुक्त फोरम के गठन की दिशा में आवश्यक निर्णय एवं सहमति बनाई गई। प्रस्तावित संयुक्त फोरम का उद्देश्य पुरस्कृत शिक्षकों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना, उनके अनुभवों एवं नवाचारों को साझा करने के लिए मंच उपलब्ध कराना तथा शिक्षा के क्षेत्र में सामूहिक गतिविधियों को गति देना है।
बैठक में इस बात पर विशेष जोर दिया गया कि राज्यपाल सम्मान केवल व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं, बल्कि शिक्षा के प्रति समर्पण, नवाचार और समाज के प्रति जिम्मेदारी का प्रतीक है। सभी शिक्षकों ने अपने अनुभवों एवं नवाचारों को साझा करते हुए शिक्षा की गुणवत्ता एवं विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए सामूहिक रूप से कार्य करने का संकल्प लिया। श्रीमती नीतू कुशवाहा , सुजीत कुमार एवम राजेश सिंह का सम्मान किया गया ।
गत सत्र सेवानिवृत्त राज्यपाल शिक्षक डां. डी. के. उपाध्याय, अशोक मिश्रा एवं ए. एल. गुप्ता का भी सम्मान किया गया । अंत मे राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का गरिमापूर्ण समापन हुआ।




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