हर पात्र हितग्राही तक समय पर पहुंचे योजनाओं का लाभ, लंबित शिकायतों और विकास कार्यों के शीघ्र निराकरण पर जोर
मनेंद्रगढ़। मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर (एमसीबी) जिले में विकास कार्यों को गति देने, जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और लंबित प्रकरणों के त्वरित निराकरण के उद्देश्य से मंगलवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में कलेक्टर सुश्री संतन देवी जांगड़े की अध्यक्षता में समय-सीमा (टीएल) बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिला पंचायत की मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्रीमती अंकिता सोम, अपर कलेक्टर अनिल कुमार सिदार, अपर कलेक्टर नम्रता डोंगरे, सभी एसडीएम, तहसीलदार, जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी तथा विभिन्न विभागों के जिला अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में कलेक्टर ने स्पष्ट कहा कि शासन की प्रत्येक योजना का लाभ समय पर पात्र हितग्राहियों तक पहुंचना चाहिए और किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी विभागों को समयबद्ध कार्य संस्कृति अपनाने और लंबित मामलों का प्राथमिकता के आधार पर निराकरण करने के निर्देश दिए।
किसानों को खाद की कमी नहीं होने देंगे, कृषि योजनाओं में लाई जाएगी तेजी
कृषि विभाग की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने सभी सहकारी समितियों में उर्वरकों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, एग्रीस्टैक, खाद-बीज भंडारण एवं वितरण, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना, कृषि उन्नति योजना, ड्रिप सिंचाई, सॉयल हेल्थ कार्ड तथा संभावित एल-नीनो परिस्थितियों को देखते हुए अग्रिम तैयारी करने पर जोर दिया। साथ ही सीएससी के माध्यम से एग्रीस्टैक कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए।
जल संरक्षण और गुणवत्तापूर्ण सड़क निर्माण पर विशेष जोर
जल संसाधन विभाग की समीक्षा में बांधों एवं जलाशयों की स्थिति, सिंचाई परियोजनाओं तथा मरम्मत कार्यों की प्रगति की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने सभी कार्य समय पर पूर्ण करने और संभावित परिस्थितियों के लिए पूर्व तैयारी रखने के निर्देश दिए। प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना एवं लोक निर्माण विभाग को गुणवत्तापूर्ण निर्माण के साथ वर्षा के दौरान सड़कों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।
राशन, पेंशन और ई-केवाईसी पर विशेष फोकस
खाद्य विभाग की समीक्षा में सार्वजनिक वितरण प्रणाली की नियमित जांच, लंबित ई-केवाईसी शीघ्र पूर्ण कराने तथा पात्र हितग्राहियों तक समय पर राशन पहुंचाने के निर्देश दिए गए। समाज कल्याण विभाग की समीक्षा के दौरान कलेक्टर ने स्पष्ट कहा कि पेंशन वितरण सर्वोच्च प्राथमिकता है। साथ ही दिव्यांग छात्रवृत्ति और प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना की प्रगति में तेजी लाने के निर्देश दिए।
जन शिकायतों के निराकरण में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं
कलेक्टर ने सीएम पोर्टल, मुख्यमंत्री जनदर्शन, प्रधानमंत्री पोर्टल, कलेक्टर जनदर्शन, लोक सेवा गारंटी, सीसीएमएस पोर्टल एवं सुशासन तिहार-2026 के लंबित मामलों की विभागवार समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिए कि कोई भी शिकायत अनावश्यक रूप से लंबित नहीं रहनी चाहिए तथा सीएम हेल्पलाइन का कोई भी मामला एल-3 स्तर तक नहीं पहुंचना चाहिए। सभी लंबित मामलों का प्राथमिकता से निराकरण कर स्पेशल क्लोजर में दर्ज करने के निर्देश भी दिए गए।
राजस्व, नगरीय निकाय और मूलभूत सुविधाओं पर सख्ती
राजस्व विभाग की समीक्षा में सीमांकन, बंटवारा, खाता विभाजन, डायवर्सन, त्रुटि सुधार, प्रधानमंत्री आवास एवं राशन कार्ड से जुड़े लंबित मामलों के शीघ्र निराकरण के निर्देश दिए गए। नगरीय निकायों की समीक्षा में आवारा पशुओं को सड़कों से हटाने, घुमंतू कुत्तों का रेबीज टीकाकरण कराने तथा अमृत जल मिशन के कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए गए।
महिला-बाल विकास, पंचायत और शिक्षा योजनाओं की गहन समीक्षा
महिला एवं बाल विकास विभाग की समीक्षा में महतारी वंदन योजना, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, पोषण ट्रैकर, आधार अपडेट, बैंक केवाईसी तथा एनआरसी में दर्ज बच्चों की स्थिति की समीक्षा की गई। जिला पंचायत की योजनाओं में प्रधानमंत्री आवास (ग्रामीण), स्वच्छ भारत मिशन, समर्थ पोर्टल एवं ग्राम पंचायतों की जियो टैगिंग की प्रगति का मूल्यांकन करते हुए शत-प्रतिशत लक्ष्य हासिल करने के निर्देश दिए गए।
शिक्षा विभाग की समीक्षा में पाठ्यपुस्तक एवं गणवेश वितरण, छात्रवृत्ति, समग्र शिक्षा, अतिरिक्त कक्ष निर्माण, जर्जर भवनों की मरम्मत, पेयजल, बिजली, शौचालय, फर्नीचर, शिक्षकों की उपस्थिति तथा मध्याह्न भोजन योजना की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने कहा कि जिले के किसी भी विद्यालय में मूलभूत सुविधाओं की कमी नहीं रहनी चाहिए।
स्वास्थ्य, पेयजल और ऊर्जा योजनाओं की प्रगति की समीक्षा
लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग की समीक्षा में जल जीवन मिशन, हैंडपंप मरम्मत, क्लोरीनेशन, वॉटर एटीएम तथा पेयजल परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई। स्वास्थ्य विभाग में आयुष्मान कार्ड, टीकाकरण, सर्वाइकल कैंसर स्क्रीनिंग, टीबी मुक्त पंचायत, सिकल सेल स्क्रीनिंग, संस्थागत प्रसव, ब्लड बैंक एवं जननी सुरक्षा योजना की समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। इसके अलावा मत्स्य विभाग और क्रेडा की योजनाओं की भी समीक्षा की गई।
सेवानिवृत्त कर्मचारियों के पेंशन प्रकरण समय पर तैयार करने के निर्देश
कलेक्टर ने आगामी छह माह में सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारियों के पेंशन प्रकरण समय से तैयार करने के निर्देश दिए। साथ ही केसीसी, अमृत जल मिशन, सीमांकन, डायवर्सन एवं अन्य समय-सीमा से बाहर चल रहे मामलों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूर्ण करने को कहा।
डीएमएफ के विकास कार्यों की सफलता अब पहुंचेगी आम जनता तक
बैठक के अंत में कलेक्टर ने जिला खनिज संस्थान न्यास (डीएमएफ) से संचालित प्रमुख विकास कार्यों की सफलता की कहानियां तैयार कर जिला जनसंपर्क कार्यालय को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए, ताकि जिले में हो रहे विकास कार्यों की सकारात्मक जानकारी व्यापक स्तर पर आमजन तक पहुंचाई जा सके।
वीबी-जी राम जी योजना के प्रभावी क्रियान्वयन पर विशेष जोर
बैठक के दौरान वीबी-जी राम जी (VB-G RAM G) एक्ट, 2025 के प्रभावी क्रियान्वयन पर भी विस्तार से चर्चा की गई। कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रत्येक पात्र ग्रामीण परिवार का समयबद्ध पंजीयन सुनिश्चित कर उन्हें प्रतिवर्ष 125 दिनों के रोजगार तथा प्रतिदिन न्यूनतम 300 रुपये मजदूरी का लाभ उपलब्ध कराया जाए।
उन्होंने जल संरक्षण, तालाब एवं जलाशयों के निर्माण और जीर्णोद्धार, खेत तालाब, मेड़बंदी, वृक्षारोपण, ग्रामीण सड़क एवं पुल-पुलिया निर्माण, सिंचाई सुविधाओं के विस्तार, वर्षा जल संरक्षण, कृषि एवं आजीविका आधारित स्थायी परिसंपत्तियों के निर्माण, पशुपालन, मत्स्य पालन और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण से जुड़े कार्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता के साथ क्रियान्वित करने के निर्देश दिए।
बैठक के समापन पर कलेक्टर ने सभी विभागों को स्पष्ट संदेश दिया कि शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक समय पर पहुंचाना ही प्रशासन की सर्वोच्च जिम्मेदारी है और इसमें किसी भी प्रकार की शिथिलता स्वीकार नहीं की जाएगी।




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