दुर्गाबाड़ी में कलश स्थापना से विसर्जन शोभायात्रा तक होंगे अनुष्ठान, महाभोग, कन्या भोज, भंडारा और गरबा महोत्सव की तैयारियां पूरी करने में जुटी समिति
आस्था, परंपरा और सांस्कृतिक उल्लास के संगम के रूप में पहचान बना चुका सूरजपुर का सार्वजनिक मां काली पूजा उत्सव इस वर्ष अपने 17वें वार्षिकोत्सव के साथ आयोजित होगा। श्री श्री सार्वजनिक मां काली पूजा समिति द्वारा 8, 9 और 10 नवंबर को नगर के भैयाथान रोड स्थित पंचमंदिर पारा की दुर्गाबाड़ी में विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
आयोजन को भव्य स्वरूप देने के लिए समिति की बैठक रविवार को अग्रसेन भवन में हुई। बैठक में पूजा कार्यक्रम, पंडाल निर्माण, भंडारे और अन्य व्यवस्थाओं को लेकर चर्चा की गई। समिति के पदाधिकारी और सदस्य तैयारियों में जुटे हैं।
पहले दिन कलश स्थापना से शुरू होंगे अनुष्ठान
8 नवंबर, रविवार को दोपहर 3 बजे कलश स्थापना के साथ कार्यक्रम की शुरुआत होगी। शाम 4 बजे शिव तांडव और शाम 5:30 बजे चंडी पाठ होगा। रात 11 बजे मां काली की पूजा प्रारंभ की जाएगी।
रात्रि 2 बजे देवी अभिषेक, सुबह 3 बजे दीपदान एवं बलिदान, सुबह 4 बजे पुष्पांजलि और सुबह 4:30 बजे माता रानी का महाभोग अर्पित किया जाएगा। इसके बाद हवन और आरती संपन्न होगी।
दूसरे दिन महाआरती और भंडारे में जुटेंगे श्रद्धालु
9 नवंबर, सोमवार को शाम 7 बजे महाआरती के बाद कन्या पूजन और कन्या भोज होगा। इसके साथ मां काली का भंडारा, माता को चुनरी भेंट, भगवती जागरण और गरबा महोत्सव आयोजित किया जाएगा।
तीसरे दिन 10 नवंबर, मंगलवार को सिंदूर दान के बाद भव्य विसर्जन शोभायात्रा निकाली जाएगी। इसके साथ तीन दिवसीय धार्मिक आयोजन का समापन होगा।
समिति ने पदाधिकारियों को सौंपी जिम्मेदारी
आयोजन के संचालन के लिए रामकृष्ण ओझा, चंचलेश श्रीवास्तव, मुकेश गर्ग और पवन मित्तल को संरक्षक बनाया गया है। रूपेश मित्तल अध्यक्ष तथा रामजी साहू, आशीष गुप्ता और संजीत गुप्ता उपाध्यक्ष होंगे।
संजय गर्ग और कृष्णमंगल हरिओम अग्रवाल कोषाध्यक्ष, जबकि अजय सिंह और आशिक सोनी बाबू सचिव की जिम्मेदारी संभालेंगे। प्रवीण साहू और विक्की साहू सहसचिव बनाए गए हैं। व्यवस्थापक के रूप में प्यारे साहू, सुमित मित्तल, राकेश महाराज और नितेश गुप्ता को जिम्मेदारी दी गई है। पूजा प्रमुख विकास साहू और स्पर्श श्रीवास्तव होंगे।
विशाल भंडारे की व्यवस्था रामबिलास मित्तल, पूनम गर्ग, दिनेश गुप्ता, सुंदरलाल पाटकर, निरंकार सिंह चौहान और भोला साहू संभालेंगे।
शहर की धार्मिक पहचान बन चुका है आयोजन
समिति के अनुसार सार्वजनिक मां काली पूजा का आयोजन पिछले 17 वर्षों से किया जा रहा है। हर वर्ष नगर के अलावा जिले के विभिन्न क्षेत्रों से श्रद्धालु दर्शन और धार्मिक कार्यक्रमों में शामिल होने पहुंचते हैं।
आयोजन की तैयारियों में सहयोगी संस्था श्री बाल गणेश पूजा समिति के सदस्य भी जुटे हुए हैं। समिति का उद्देश्य धार्मिक परंपरा को आगे बढ़ाने के साथ श्रद्धालुओं को एक साझा सांस्कृतिक मंच उपलब्ध कराना है।




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