नदीम खान | सूरजपुर
सूरजपुर। जिले के चांदनी बिहारपुर क्षेत्र के कुबेरपुर में गिट्टी लदे ट्रैक्टर की चपेट में आने से एक महिला की मौत के बाद ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। आक्रोशित ग्रामीणों ने सड़क पर शव रखकर चक्काजाम कर दिया और क्रेशर प्लांट में आग लगा दी। मौके पर पहुंचे एसडीओपी, थाना प्रभारी और तहसीलदार को भी ग्रामीणों ने घेरकर बंधक बना लिया। अधिकारियों के साथ कथित तौर पर मारपीट किए जाने की भी खबर है। घटना के बाद क्षेत्र में तनावपूर्ण स्थिति बन गई।
पूजा का सामान लेकर घर लौट रही थी महिला
जानकारी के अनुसार, कुबेरपुर निवासी संजय जायसवाल की पत्नी चंद्रावती जायसवाल बिहारपुर चौक से पूजा का सामान लेकर स्कूटी से घर लौट रही थीं। इसी दौरान गांव की आबादी के बीच गिट्टी लदे ट्रैक्टर ने उनकी स्कूटी को टक्कर मार दी। हादसे में ट्रैक्टर के पहिए के नीचे आने से महिला की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद ट्रैक्टर चालक वाहन लेकर फरार हो गया।
महिला की मौत के बाद सड़क पर उतरे ग्रामीण
महिला की मौत की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जुट गए। ग्रामीणों ने शव को सड़क पर रखकर मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ को जोड़ने वाले मुख्य मार्ग पर चक्काजाम कर दिया। प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों का आरोप था कि बस्ती के बीच संचालित क्रेशर के कारण लंबे समय से परेशानी हो रही थी, लेकिन उनकी शिकायतों पर उचित कार्रवाई नहीं की गई।
गुस्साए ग्रामीणों ने क्रेशर प्लांट में लगाई आग
हादसे के बाद बढ़े आक्रोश के बीच ग्रामीण क्रेशर प्लांट तक पहुंच गए और वहां आग लगा दी। आग से क्रेशर संयंत्र को भारी नुकसान होने की खबर है। ग्रामीणों का गुस्सा इस बात को लेकर भी था कि आबादी वाले क्षेत्र में भारी वाहनों की आवाजाही से लोगों की जान को खतरा बना हुआ है।
एसडीओपी, थाना प्रभारी और तहसीलदार को बनाया बंधक
घटना की सूचना मिलने पर एसडीओपी, थाना प्रभारी और तहसीलदार प्रशासनिक अमले के साथ मौके पर पहुंचे। हालांकि, आक्रोशित ग्रामीणों ने अधिकारियों को घेर लिया और उन्हें बंधक बना लिया। सामने आ रही जानकारी के अनुसार, इस दौरान अधिकारियों के साथ झूमाझटकी और कथित मारपीट भी हुई।
क्षेत्र में तनाव, प्रशासन के सामने चुनौती
महिला की मौत, क्रेशर प्लांट में आगजनी और अधिकारियों को बंधक बनाए जाने की घटना से पूरे क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया। ग्रामीणों की नाराजगी के पीछे क्रेशर संचालन और भारी वाहनों की आवाजाही को लेकर लंबे समय से चली आ रही शिकायतें भी बताई जा रही हैं।
फिलहाल, घटना के सभी पहलुओं, क्रेशर के संचालन की वैधता, हादसे के लिए जिम्मेदार चालक और अधिकारियों के साथ हुई कथित मारपीट की पुष्टि संबंधित प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों के आधिकारिक बयान के आधार पर की जानी बाकी है।




पाठकों की टिप्पणियां 0