भूमि अधिग्रहण में हो रही देरी से लटकी बहुप्रतीक्षित रेल परियोजना, क्षेत्रवासियों में नाराजगी...

भूमि अधिग्रहण में हो रही देरी से लटकी बहुप्रतीक्षित रेल परियोजना, क्षेत्रवासियों में नाराजगी...

चिरमिरी-नागपुर हॉल्ट न्यू रेल लाइन विस्तारीकरण परियोजना,

पूर्व डीआरयूसीसी सदस्य ने प्रधानमंत्री से की हस्तक्षेप की मांग,

मनेंद्रगढ़। बहुप्रतीक्षित और क्षेत्र के विकास के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही चिरमिरी-नागपुर हॉल्ट नई रेल लाइन विस्तारीकरण परियोजना में लगातार हो रही देरी को लेकर अब सवाल उठने लगे हैं। रेलवे डिवीजन बिलासपुर के पूर्व डीआरयूसीसी सदस्य एवं अधिवक्ता विजय प्रकाश पटेल ने इस संबंध में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव तथा रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष सतीश कुमार को पत्र भेजकर अधिग्रहण और टेंडर प्रक्रिया को अविलंब प्रारंभ कराने की मांग की है।

      अधिवक्ता पटेल ने अपने पत्र में उल्लेख किया है कि इस परियोजना से संबंधित प्रारंभिक नोटिफिकेशन भारत के राजपत्र में 8 मई 2025 को तथा भूमि अधिग्रहण से संबंधित अंतिम नोटिफिकेशन 27 अगस्त 2025 को प्रकाशित हो चुका है। इसके बाद भूमि स्वामियों को दिए जाने वाले मुआवजे में 50 प्रतिशत की वृद्धि भी कर दी गई थी। वहीं लोक सूचना की निर्धारित अवधि भी 2 फरवरी 2026 को समाप्त हो चुकी है, इसके बावजूद अभी तक भूमि अधिग्रहण और टेंडर प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ पाई है।

      उन्होंने कहा कि यह परियोजना क्षेत्र के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण और जीवनदायिनी मानी जा रही है। इसका भूमि पूजन वर्ष 2018 में हो चुका था और उस समय इसे दो वर्षों में पूर्ण करने की सार्वजनिक घोषणा भी की गई थी। परियोजना के लिए लगभग 241.50 करोड़ रुपये का पूरा फंड पहले ही जारी किया जा चुका है, लेकिन इसके बावजूद काम शुरू नहीं हो पा रहा है। 

      अधिवक्ता पटेल ने बताया कि इस परियोजना की लागत केंद्र और राज्य सरकार द्वारा आधी-आधी वहन की जानी है। केंद्र सरकार द्वारा राशि स्वीकृत किए जाने के बाद 9 फरवरी 2024 को प्रस्तुत बजट में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय सरकार ने भी राज्य का हिस्सा जारी कर दिया था। इसके बाद भी दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति यह है कि भूमि अधिग्रहण की अंतिम प्रक्रिया मनेंद्रगढ़ कलेक्टर कार्यालय में लंबित पड़ी हुई है।   

      उन्होंने प्रशासन से सवाल करते हुए कहा कि जब केंद्र और राज्य सरकार की ओर से पूरी राशि उपलब्ध है और भूमि अधिग्रहण से जुड़ी लगभग सभी प्रक्रियाएं पूरी हो चुकी हैं, तब भी भूमि स्वामियों को उनका मुआवजा देने और अधिग्रहण की प्रक्रिया को अंतिम रूप देने में आखिर इतनी देरी क्यों हो रही है? इस स्थिति से प्रभावित हितग्राहियों और क्षेत्रवासियों में गहरी नाराजगी और आक्रोश लगातार बढ़ता जा रहा है।

      अधिवक्ता विजय प्रकाश पटेल ने प्रधानमंत्री से इस मामले में सीधा हस्तक्षेप करने की मांग करते हुए कहा है कि संबंधित भूमि स्वामियों को शीघ्र मुआवजा प्रदान कर भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया पूरी कराई जाए और परियोजना के लिए जल्द से जल्द टेंडर जारी किए जाएं, ताकि लंबे समय से प्रतीक्षित इस रेल परियोजना का कार्य शुरू हो सके और क्षेत्र के विकास को गति मिल सके।   

      उन्होंने इस संबंध में आवश्यक कार्यवाही के लिए अपने पत्र की प्रतिलिपि कैबिनेट मंत्री एवं क्षेत्रीय विधायक श्यामबिहारी जायसवाल, दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के महाप्रबंधक तरुण प्रकाश, बिलासपुर मंडल के डीआरएम राजमल खोईवाल, मनेंद्रगढ़ कलेक्टर डी. राहुल वेंकट तथा नोडल अधिकारी अनिल सिदार को भी प्रेषित की है।