चिरमिरी नागपुर हाल्ट न्यू रेल लाईन विस्तारीकरण परियोजना के भूमि अधिग्रहण में हो रहे अनावश्यक विलंब से नाराज पूर्व डीआरयूसीसी सदस्य विजय पटेल फिर से प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर की हस्तक्षेप की मांग

चिरमिरी नागपुर हाल्ट न्यू रेल लाईन विस्तारीकरण परियोजना के भूमि अधिग्रहण में हो रहे अनावश्यक विलंब से नाराज पूर्व डीआरयूसीसी सदस्य विजय पटेल फिर से प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर की हस्तक्षेप की मांग

मनेन्द्रगढ़। चिरमिरी-नागपुर हॉल्ट न्यू रेल लाइन विस्तारीकरण परियोजना के भूमि अधिग्रहण

कार्यवाही में हो रहे अनावश्यक विलम्ब के सम्बंध में रेलवे डिवीजन बिलासपुर के पूर्व

डीआरयूसीसी सदस्य अधिवक्ता विजय प्रकाश पटेल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केन्द्रीय रेलमंत्री अश्विनी वैष्णव, रेलवे बोर्ड अध्यक्ष सतीश कुमार सहित रेलवे एवं प्रशासन के जिम्मेदार अधिकारियों को पत्र लिखकर परियोजना को अनावश्यक विलम्ब से बचाने शीघ्र हस्तक्षेप किए जााने की मांग की है। 

      उन्होंने अपने पत्र के साथ कलेक्टर द्वारा 27 फरवरी 2026 को बिलासपुर रेलवे के उप मुख्य अभियंता को अवार्ड राशि उपलब्ध कराने हेतु लिखे पत्र की प्रतिलिपि भी संलग्र की है।

   अपने पत्र में पूर्व डीआरयूसीसी सदस्य अधिवक्ता पटेल ने कहा कि बहुप्रतीक्षित रेल परियोजना चिरमिरी- नागपुर हॉल्ट न्यू रेल लाइन विस्तारीकरण से संबंधित समस्त औपचारिकताएं पूर्ण हो

जाने के बावजूद हितग्राहियों को अभी तक अवार्ड राशि का भुगतान न करने के कारण भूमि

अधिग्रहण की कार्यवाही जस की तस रूकी हुई है। 

    उन्होंने कहा कि इस दिशा में मनेन्द्रगढ़ कलेक्टर कार्यालय से बार-बार उप मुख्य अभियंता रेलवे बिलासपुर को पत्र प्रेषित कर धनराशि की मांग की जा रही है, लेकिन दक्षिण-पूर्व मध्य रेलवे बिलासपुर के उप मुख्य अभियंता द्वारा उक्त महती रेल परियोजना को कोई तवज्जो नहीं दी जा रही है, जिससे सर्वत्र असंतोष और अविश्वास फैल रहा है।

    श्री पटेल ने हैरानी व्यक्त करते हुए कहा कि जिस रेल परियोजना को वर्ष 2018 में भूमि पूजन के उपरांत 2 वर्षों में पूर्ण कर लिए जाने की सार्वजनिक घोषणा की गई थी।

दुर्भाग्य का विषय है कि वह परियोजना भूमि पूजन के 9 वर्ष बीत जाने के बाद भी अधर में

लटकी हुई है, जिसे लेकर श्री पटेल ने देश के प्रधानमंत्री से स्वयं हस्तक्षेप कर उपरोक्त

बहुुप्रतीक्षित परियोजना को अपनी दखल से शीघ्र पूरा कराए जाने की मांग की है।